बेंगलुरु स्थित AI स्टार्टअप Sarvam AI ने इंडिया AI इंपैक्ट समिट 2026 के मंच से अपने दो नए बड़े भाषा मॉडल (LLMs) — सर्वम-30B और सर्वम-105B — लॉन्च किए। कंपनी का कहना है कि ये मॉडल तर्क क्षमता, बहुभाषी संवाद, कोडिंग, रिसर्च और एंटरप्राइज जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं।
इस पहल को भारत में मजबूत और स्वदेशी AI इकोसिस्टम बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है, जो वैश्विक प्लेटफॉर्म जैसे ChatGPT को टक्कर देने की क्षमता रखता है।
सर्वम-30B:
आम उपयोगकर्ताओं के लिए आसान पहुंच
सर्वम-30B कंपनी का अपेक्षाकृत छोटा लेकिन प्रभावशाली मॉडल है। इसमें लगभग 30 अरब पैरामीटर और 32,000 टोकन की कॉन्टेक्स्ट विंडो दी गई है। इसे विशाल डेटा सेट पर प्रशिक्षित किया गया है ताकि यह अलग-अलग विषयों पर सटीक और स्वाभाविक जवाब दे सके।
समिट में कंपनी ने “विक्रम” नाम के एक मल्टी-लैंग्वेज चैटबॉट का प्रदर्शन किया, जो हिंदी, पंजाबी, मराठी सहित कई भारतीय भाषाओं में बातचीत करने में सक्षम है। खास बात यह रही कि इसे फीचर फोन जैसे साधारण डिवाइस पर भी चलाकर दिखाया गया।
इससे स्पष्ट होता है कि कंपनी का उद्देश्य AI को केवल स्मार्टफोन या हाई-एंड डिवाइस तक सीमित न रखकर ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाना है।
सर्वम-105B:

उद्योगों के लिए हाई-परफॉर्मेंस मॉडल
दूसरा मॉडल सर्वम-105B ज्यादा उन्नत और शक्तिशाली है। इसमें 105 अरब पैरामीटर और लगभग 1,28,000 टोकन की बड़ी कॉन्टेक्स्ट विंडो दी गई है, जो इसे लंबे दस्तावेज़ समझने और जटिल विश्लेषण करने में सक्षम बनाती है।
कार्यक्रम के दौरान इस मॉडल ने एक कंपनी की बैलेंस शीट का तुरंत विश्लेषण करके वित्तीय सवालों के विस्तृत उत्तर दिए।
यह मॉडल विशेष रूप से इन क्षेत्रों में उपयोगी हो सकता है:
वित्तीय विश्लेषण
शोध कार्य
कोडिंग सहायता
बड़े डेटा का मूल्यांकन
लंबे दस्तावेजों का सार
भारत के लिए क्यों है यह महत्वपूर्ण?
इन मॉडलों की लॉन्चिंग दिखाती है कि भारतीय स्टार्टअप अब AI के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। इससे स्थानीय भाषाओं में टेक्नोलॉजी को बढ़ावा मिलेगा और वैश्विक स्तर पर भारत की तकनीकी पहचान मजबूत होगी।

