उत्तर प्रदेश में पुलिस विभाग की प्रतिष्ठित भर्ती सब-इंस्पेक्टर (SI) परीक्षा 14 और 15 मार्च 2026 को आयोजित की गई। यह परीक्षा राज्य की सबसे बड़ी भर्ती परीक्षाओं में से एक मानी जाती है, क्योंकि इसमें लाखों युवा पुलिस की वर्दी पहनने का सपना लेकर शामिल होते हैं। इस वर्ष भी परीक्षा को लेकर युवाओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला।
कितने पदों के लिए हुई परीक्षा
इस भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से कुल 4,543 पदों पर भर्ती की जानी है। इसमें मुख्य रूप से सिविल पुलिस के सब-इंस्पेक्टर, PAC प्लाटून कमांडर और कुछ अन्य पद शामिल हैं।
कितने अभ्यर्थियों ने भरा फॉर्म
इस परीक्षा के लिए लगभग 15,75,760 (करीब 15.7 लाख) उम्मीदवारों ने आवेदन किया। इनमें करीब 11.66 लाख पुरुष और 4.09 लाख महिला उम्मीदवार शामिल हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस परीक्षा में प्रतियोगिता कितनी ज्यादा है।
कितने परीक्षा केंद्र बनाए गए
पूरे उत्तर प्रदेश के 75 जिलों में लगभग 1,090 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। परीक्षा को दो दिनों में और हर दिन दो शिफ्ट में आयोजित किया गया ताकि इतनी बड़ी संख्या में उम्मीदवार आराम से परीक्षा दे सकें।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी और नकल-मुक्त बनाने के लिए प्रशासन ने कई कड़े कदम उठाए।
सभी केंद्रों पर CCTV निगरानी
आधार और बायोमेट्रिक सत्यापन
फेशियल रिकग्निशन और आईरिस स्कैनिंग
हजारों पुलिसकर्मियों की तैनाती
इन सभी व्यवस्थाओं का उद्देश्य परीक्षा को निष्पक्ष और सुरक्षित बनाना था।
पेपर का स्तर कैसा रहा

अभ्यर्थियों के अनुसार इस बार का पेपर मध्यम स्तर (Moderate) का बताया जा रहा है।
पेपर में मुख्य रूप से चार भाग शामिल थे:
1.सामान्य हिंदी
2.सामान्य ज्ञान / संविधान / कानून
3.गणित और मानसिक क्षमता
4.रीजनिंग और लॉजिकल एबिलिटी
कुल 160 प्रश्न और 400 अंक का पेपर था, जिसे हल करने के लिए 2 घंटे का समय दिया गया।
मुख्य जानकारी
कुल आवेदन: 15,75,760 उम्मीदवार
पुरुष अभ्यर्थी: लगभग 11.66 लाख
महिला अभ्यर्थी: लगभग 4.09 लाख
कुल पद: 4,543
परीक्षा तिथि: 14–15 मार्च 2026
परीक्षा केंद्र: लगभग 1,090 केंद्र (75 जिलों में) �
प्रतियोगिता कितनी है
अगर गणना करें तो:
1 सीट के लिए लगभग 347 उम्मीदवार प्रतियोगिता में हैं।
प्रतियोगिता बेहद कठिन

लगभग 15 लाख से ज्यादा उम्मीदवार केवल 4,543 पदों के लिए परीक्षा दे रहे हैं। यानी हजारों उम्मीदवारों में से केवल कुछ ही उम्मीदवारों को अंतिम चयन का मौका मिलेगा। यही कारण है कि यह भर्ती परीक्षा उत्तर प्रदेश की सबसे कठिन प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक मानी जाती है।
युवाओं के लिए उम्मीद की किरण
सरकारी नौकरी की चाह रखने वाले युवाओं के लिए यह परीक्षा एक बड़ा अवसर है। हर साल लाखों छात्र-छात्राएं इस परीक्षा की तैयारी करते हैं और पुलिस की वर्दी पहनकर समाज की सेवा करने का सपना देखते हैं।
अगर किसी उम्मीदवार का लिखित परीक्षा में चयन होता है, तो उसके बाद फिजिकल टेस्ट, डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और मेडिकल टेस्ट जैसे चरणों से गुजरना पड़ता है।
✅ निष्कर्ष
UP SI परीक्षा केवल एक भर्ती परीक्षा नहीं, बल्कि लाखों युवाओं के सपनों और मेहनत का प्रतीक है। कड़ी मेहनत, धैर्य और सही रणनीति ही इस कठिन प्रतियोगिता में सफलता दिला सकती है।

