एक दिन अकबर ने अपने दरबार में पूछा,
“बताओ, इस दुनिया में सबसे तेज़ क्या है?”
दरबारियों ने अलग-अलग जवाब दिए—
किसी ने कहा “घोड़ा”, किसी ने कहा “हवा”, तो किसी ने कहा “बिजली”।
तब बीरबल बोले,
“जहाँपनाह, सबसे तेज़ चीज़ है मन (सोच)।”
अकबर ने पूछा, “कैसे?”
बीरबल बोले, “महाराज, मन एक पल में कहीं भी पहुँच सकता है—चाहे वो दूर का देश हो या कोई पुरानी याद।”
अकबर को यह जवाब ठीक लगा, लेकिन वे बीरबल की बुद्धि को और परखना चाहते थे।
उन्होंने कहा, “ठीक है बीरबल, अगर मन इतना तेज़ है तो साबित करके दिखाओ।”
बीरबल मुस्कुराए और बोले,
“जहाँपनाह, अभी आप सोचिए कि आप अपने बचपन में पहुँच गए हैं…”
अकबर कुछ पल चुप रहे, फिर बोले, “हाँ, मैं अपने बचपन की यादों में चला गया।”
बीरबल बोले,
“देखा महाराज! आपका मन एक पल में वर्षों पीछे चला गया—यही सबसे तेज़ है।”
अकबर बहुत खुश हुए और बोले,
“बीरबल, तुम सच में सबसे बुद्धिमान हो!”
⭐ सीख (Moral):
हमारा मन बहुत शक्तिशाली और तेज़ होता है।
सही दिशा में सोचने से हम बड़ी-बड़ी समस्याएँ हल कर सकते हैं।

