करवा चौथ व्रत हिंदू सनातन धर्म में बहुत सौभाग्यशाली मृत माना जाता है क्योंकि यह व्रत महिलाएं अपने पति की दीर्घायु की कामना हेतु रखते हैं। वर्ष 2024 में यह व्रत 20 अक्टूबर दिन रविवार को पढ़ रहा है। आज इस लेख में हम जानेंगे कि करवा चौथ की पूजा करने की सही तिथि और शुभ मुहूर्त क्या है… करवा चौथ व्रत इस वर्ष करवा चौथ की पूजा 20 अक्टूबर दिन रविवार को की जाएगी जिसमें महिलाएं अपने पति की दीर्घायु की कामना के साथ निर्जला व्रत रखती हैं यह व्रत प्रत्येक वर्ष कार्तिक मास की कृष्णापक्ष की चतुर्थी को…
Author: Archana Dwivedi
सालों से न्याय की देवी की आंखों पर बंधी पट्टी भी हट गई है जाहिर है कि सुप्रीम कोर्ट ने देश को संदेश दिया है कि अब ‘ कानून अंधा’ नहीं है।
अर्थशास्त्र के नोबेल प्राइज को आधिकारिक रूप से अल्फ्रेड नोबेल की याद में दिया जाता है।केंद्रीय बैंक ने साल 1968 में नोबेल की याद में इसकी स्थापना की थी। नोबेल 19वीं सदी के स्वीडिश बिजनेसमैन और केमिस्ट थे,
नोबेल पुरस्कार इस प्रतिष्ठित ट्रॉफी का नाम अल्फ्रेड नोबेल के नाम पर रखा गया है, जिन्होंने डायनामाइट बनाया था। पहला नोबेल पुरस्कार 1901 में दिया गया था, और तब से इसे दिए जाने वाले क्षेत्रों की संख्या बढ़कर छह हो गई है ।
जीवन में ऊंच नीच होना बहुत जरूरी है, ताकि हम आगे बढ़ते रहें। क्योंकि एक ईसीजी में भी सीधी लाइन का मतलब ये होता है कि हम जिंदा नहीं हैं।
आज 13 अक्टूबर को पापांकुशा एकादशी मनाई जा रही है।इस दिन भगवान विष्णु के पद्मनाभ स्वरूप की पूजा की जाती है। आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को पापांकुशा एकादशी कहा जाता है।
माता दुर्गा का यह स्वरूप सिद्ध और मोक्ष देने वाला है इसलिए माता को मां सिद्धिदात्री कहा जाता है। इनकी पूजा अर्चना करने से सभी कार्य सिद्ध होते हैं और मोक्ष की प्राप्ति होती है
भक्त पवित्रता, शांति और मातृत्व का आशीर्वाद पाने के लिए महागौरी की पूजा करते हैं। इस पोषण करने वाले रूप में, वह दिव्यता, दया और करुणा का प्रतीक है। उनकी पूजा करने से भक्तों को सभी पापों से मुक्ति मिलती है।
आज नवरात्रि का सातवां दिन है सातवें दिन मां कालरात्रि की आराधना की जाती है। मां कालरात्रि की आराधना करने से भक्त सभी प्रकार के पापों से मुक्त हो जाता है मां कालरात्रि को कालों का नाश करने वाली देवी माना जाता है। सनातन धर्म में नवरात्र का पर्व अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। नवरात्र का आरंभ 03 अक्टूबर से हुआ है और इसका समापन 12 अक्टूबर को होगा। इस दौरान माता रानी के नौ स्वरूपों की पूजा और व्रत का आयोजन विभिन्न दिनों में किया जाता है। सप्तम देवी मां कालरात्रि का मंत्र मां कालरात्रि की पूजा के दिन…
कात्यायनी माता नवरात्रि की छठी शक्ति हैं, जिनकी पूजा नवरात्रि के छठे दिन की जाती है। वह भगवान शिव की पत्नी और भगवान कार्तिकेय की माता हैं। कात्यायनी माता की महिमा अपरंपार है और वह अपने भक्तों को शक्ति, साहस, और ज्ञान प्रदान करती हैं।
