राक्षसी जब अपने घर पहुंची तो उसे अपने बच्चे नहीं दिखे और व्याकुल हो गई। सबसे छोटा होने के कारण उसका उस बालक से अधिक लगाव था। बेचैनी में उसने अपनी रात काटी सुबह जोर-जोर से उसका नाम पुकार कर उसे ढूंढने लगी। बिछोह के दर्द से तड़प रही थी। अचानक उसे सामने से बुद्ध गुजरते हुए दिखाई दिए। उसने सोचा कि बुद्ध सच्चे संत हैं वह अंतर्यामी भी होंगे।
Author: Archana Dwivedi
यह सुनते ही राजा दक्ष ने शिव की निंदा भी प्रारंभ कर दी।यह सुनकर माता सती को बहुत दुख हुआ और उन्होंने योगाग्रि से अपने पूरे शरीर को भस्म कर दिया। इसे देखकर वहां पर मौजूद सभी शिव गणों ने दक्ष के यज्ञ पर हमला कर दिया और देवताओं ने भी उन्हें भगा दिया । इसकी खबर जाकर शिव जी को दी गई यह सुनकर शिव को बहुत क्रोध आया।
पुदीने का पानी पीना सेहत के लिए काफी फायदेमंद हो सकता है।इसे पीने से डिहाइड्रेशन और लू की समस्या नहीं होती है।इसमें विटामिन ए,विटामिन सी,पोटेशियम,आयरन, कैल्शियम और थायमिन जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसके अलावा इसमें एंटीवायरल, एंटीमाइक्रोबियल्स और एंटीऑक्सीडेंट गुण भी पाए जाते हैं क्योंकि पुदीने की तासीर ठंडी होती है।
आज के दौर में किसी भी नई भाषा को सीखना बेहद आसान हो गया है क्योंकि बढ़ती टेक्नॉलॉजी से आज देश विदेश की जानकारी घर बैठे हम प्राप्त कर सकते हैं।
उत्तर प्रदेश में पहली बार राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं का भव्य आयोजन होने जा रहा है। यह प्रतियोगिता उत्तर प्रदेश के जिला वाराणसी गोरखपुर गौतम बुध नगर एवं लखनऊ में आयोजित होगी। लखनऊ 8 स्थानों पर लगभग 12 खेल आयोजनों की मेजबानी करेगा।
बीजेपी के सीनियर नेता किरण रिजिजू ने शुक्रवार को पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के पदभार संभाल लिया है। कानून मंत्री के पद से हटाकर उन्हें विज्ञान मंत्रालय सौंपा गया।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत उच्च शिक्षा में बड़े बदलाव किए जा रहे हैं।नेशनल एजुकेशन पॉलिसी के तहत बदलाव की इस प्रक्रिया से छात्रों को जोड़ने और उनकी मदद के लिए ज्यादा से ज्यादा छात्रों तक इसकी जानकारी पहुंचाने के लिए यूनियन ग्रांड कमीशन ने एक नई स्कीम एन इ पी (NEP)- सारथी की घोषणा की …
बहुत पहले की बात है एक व्यक्ति जोकि बहुत प्यासा था भटकते भटकते एक मरुस्थल मार्ग में आ गया। बहुत अथक प्रयास करता रहा परंतु उसे एक भी बूंद पानी पीने को नहीं मिला।
सावन इस बार 58 दिनों का होने के कारण शिव भक्तों को राज्याभिषेक और पूजन के लिए कुल 8 सोमवार मिलेंगे।ऐसा संयोग 19 वर्ष बाद अधिमास यानी एक माह बढ़ने से बना है। जबकि चतुर्मास यानी मलमास किस बार 4 माह के बजाय 5 माह का रहेगा।मलमास 18 जुलाई से प्रारंभ होगा । इस बार अधिवास होने के कारण यह साल 12के बजाय 13 माह का होगा इसका कारण
सीबीएसई ने 12 मई दिन शुक्रवार को कक्षा 10 का 12 का रिजल्ट जारी कर दिया है। दसवीं कक्षा के नतीजे में कुल पास प्रतिशत 93.12% रहा है। दसवीं तथा बारहवीं कक्षा मे सर्वाधिक परसेंटेज प्राप्त करने वाले बच्चे बेंगलुरु तिरुवनंतपुरम से है।
