Health tips आज की भाग – दौड़ भरी जिंदगी में हर व्यक्ति किसी न किसी समस्या से परेशान है क्योंकि सब की लाइफ स्टाइल एकदम बदल चुकी है । जिसमें लोग सेहत को सही सलामत रखने के लिए ज्यादा से ज्यादा डॉक्टर के पास जा रहे हैं और दवाइयों का प्रयोग कर रहे हैं। यदि आप भी इसी लाइन में शामिल है तो सतर्क हो जाइए
Author: Archana Dwivedi
शंखपुष्पी का चूर्ण 2-4 ग्राम की मात्रा में सुबह-शाम गाय के दूध के मक्खन के साथ या पानी के साथ लेने से , आपको काफी लाभ होगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मा हीराबेन की बुधवार को तबीयत बिगड़ जाने के कारण उन्हें अहमदाबाद की यू एन मेहता अस्पताल में भर्ती कराया गया था । पल-पल उनकी तबीयत बिगड़ती जा रही थी और शुक्रवार की सुबह अहमदाबाद के अस्पताल में उनका निधन हो गया।
बेगम हजरत महल का जन्म 1820 ई. को अवध के फैजाबाद जिले में बहुत ही छोटे गांव में हुआ , वह बहुत ही गरीब परिवार में जन्मी थी । उन्हें
प्रसिद्ध सूफी कवि मलिक मुहम्मद जायसी के माता – पिता उनके बचपन में ही चल बसे थे।इसके बाद वह अपने नाना के पास रह रहे थे लेकिन यह सहारा भी ज्यादा दिनों तक नहीं रहा। कुछ समय बाद नाना की मृत्यु हो गई। जब उनके पास कोई भी सहारा नहीं बचा तो उसके कारण उन्हें कोई भी रास्ता नहीं सूझ रहा था।
यदि आप खुशियों को दूसरों के साथ बांटते हैं तो आपको स्वयं प्रसन्नता महसूस होगी। यदि आप किसी के लिए कुछ करते हैं, किसी की मदद करते हैं तो सच मानिए आप के आंतरिक रूप से सकारात्मक विचार उत्पन्न होंगे और आपको प्रसन्नता होगी।
वर्तमान युग टेक्नोलॉजी का युग है मतलब जिसको टेक्निकल ज्ञान है वह अपने आप में अनुभवी और सक्षम है। यहां टेक्निकल ज्ञान कहने का मतलब यह है कि हमें कंप्यूटर से संबंधित जानकारी प्राप्त होनी चाहिए। जैसे कंप्यूटर क्लाउडिंग, डाटा एनालिसिस, एक्सल ,पावरप्वाइंट आदि पर कंप्यूटर पर किसी भी तरीके से काम करने का एक बेहतरीन कौशल, जिसकी आज वर्तमान में बहुत अधिक आवश्यकता है।
आज के समय में हर व्यक्ति किसी न किसी चीज से परेशान है। ज्यादातर पुरुष और महिलाएं इन सभी समस्याओं से ग्रस्त हैं। कई महिलाएं रोजाना शरीर के दर्द से परेशान रहती हैं लेकिन क्या आपको मालूम है कि अक्सर होने वाले दर्द के कई कारण हो सकते हैं
उत्तर प्रदेश में वस्तु एवं सेवा कर जीएसटी को लेकर इस समय बड़ा हड़कंप मचा हुआ है कई जिले में जीएसटी विभाग की टीम ने छापेमारी भी की है। जीएसटी टीम के द्वारा कई दुकानों पर जाकर के सर्वे भी किया जा रहा है और गड़बड़ी मिलने पर जुर्माना लगाया जा रहा है।
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने ग्रेजुएशन की पढ़ाई के लिए नए नियम तैयार कर लिए हैं. यूजीसी की ओर से तैयार किए गए नये नियमों के मसौदे के अनुसार, अब छात्र तीन के बजाय चार साल की पढ़ाई पूरी करने पर ही स्नातक की ‘ऑनर्स’ डिग्री हासिल कर सकेंगे
