कलियुग में मनुष्य के उद्धार के लिए एकादशी का व्रत सब व्रतों में उत्तम होता है इसके व्रत से सभी पाप नष्ट हो जाते हैं। आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देवशयनी एकादशी और पद्मा एकादशी भी कहते हैं। इस साल देवशयनी एकादशी 17 जुलाई 2024 को है। ये व्रत मोक्ष, प्राकृतिक आपदा से बचाव करता है। व्यक्ति समस्त सुखों को प्राप्त कर बैकुंठ धाम में स्थान पाता है। आईए जानते है कि क्या है देवशयनी एकादशी व्रत की कथा- देवशयनी एकादशी की व्रत कथा पौराणिक कथा के अनुसार मान्धाता नाम का एक सूर्यवंशी राजा था। वह सत्यवादी,…
Author: Archana Dwivedi
Wimbledon 2024 बारबोरा क्रेजिसिकोवा ने शनिवार को विंबलडन 2024 का खिताब अपने नाम किया। सांसें थमा देने वाले मुकाबले में उन्होंने जैस्मीन पाओलिनी को मात दी। इके साथ ही विंबलडन को इस बार नई महिला चैंपियन मिली।
आज के समय में मोटापा एक गंभीर समस्या बन चुका है। बढ़ा हुआ वजन न केवल देखने में बेकार लगता है, बल्कि कई गंभीर बीमारियों का कारण भी बन सकता है। अपने बढ़े हुए वजन को कम करने के लिए लोग तमाम तरह की डाइट फॉलो करते हैं और घंटे जिम में पसीना बहाते हैं। लेकिन शरीर के कुछ हिस्सों पर जमा चर्बी को घटाना काफी मुश्किल होता है। इसमें बैली फैट भी शामिल है। गलत खानपान, खराब लाइफस्टाइल, लंबे समय तक एक ही जगह पर बैठे रहने और एक्सरसाइज न करने की वजह से पेट पर फैट जमा होने…
एक बार जब राजा कृष्णदेवराय जेल का सर्वेक्षण करने के लिए गए, तो वहाँ पर बंदी बनाए गए दो चोरों ने राजा से दया करने की सिफारिश की । उन्होंने बताया कि वो दोनों चोरी करने में माहिर थे, इसलिए वे दोनों अन्य चोरों को पकड़ने में राजा की मदद कर सकते हैं।
पीएम नरेंद्र मोदी को रूस का सर्वोच्च नागरिक सम्मान मिला। इससे पहले भूटान ने भी उन्हें हाईएस्ट सिविलियन अवॉर्ड दिया था वैसे भारत भी कई विदेशियों को सर्वोच्च सम्मान दे चुका, जिसमें एक पाकिस्तानी नागरिक भी शामिल है. हाईएस्ट सिविलियन अवॉर्ड आमतौर पर कला, साहित्य, विज्ञान और सेना से जुड़े लोगों को मिलता है, लेकिन राजनेताओं को भी ये मिलता रहा। मोदी को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया लेकिन सोचने की बात है कि रूस का सिविलियन अवॉर्ड किसी फॉरेन लीडर को क्यों मिला क्या भारत के पास भी ऐसा कोई अवॉर्ड है। प्रधानमंत्री नरेंद्र…
आजकल लोग अच्छी सेहत की अहमियत को समझने लगे हैं और इसलिए, जिम में पसीना बहाकर मोटापे को कम करने और फिट रहने की कोशिश करते हैं। लेकिन, गर्मी और उमस के बीच, कई बार जिम जाने का मन नहीं करता है। इसका असर हमारे फिटनेस रूटीन पर पड़ता है। अगर आप भी बिजी शिड्यूल या उमस के चलते, जिम नहीं जा पा रही हैं, तो इसका मतलब यह नहीं है कि आपको अपनी फिटनेस से समझौता करना होगा।
अकबर बीरबल की कहानी और किस बहुत प्रसिद्ध है बीरबल और अकबर की कहानी लोगों को बेहद पसंद आती है क्योंकि उसमें आपको मजे के साथ-साथ उसे सीखने को भी मिलता है ।एक ऐसी ही कहानी आज हम आपके लिए लेकर आए हैं जिसमें बीरबल ने पुनः एक बार अपने बुद्धिमानी का परिचय दिया । आज की हमारी कहानी का शीर्षक है पैसे की थैली। आईए जानते हैं कि क्या है आज की कहानी पैसे की थैली दरबार लगा हुआ था। बादशाह अकबर राज-काज देख रहे थे। तभी दरबान ने सूचना दी कि दो व्यक्ति अपने झगड़े का निपटारा करवाने…
एक बार की बात है विजयनगर साम्राज्य में विद्युलता नाम की एक अहंकारी महिला रहती थी . उसे अपनी उपलब्धियों पर बहुत गर्व था और वह हमेशा अपनी बुद्धिमत्ता का प्रदर्शन करना पसंद करती थी. एक दिन उसने अपने घर के बाहर एक बोर्ड लगा दिया
जानकारी के मुताबिक, संत भोले बाबा मूल रूप से कांशीराम नगर (कासगंज) में पटियाली गांव के रहने वाले हैं। उन्होंने बताया कि पहले वह उत्तर प्रदेश पुलिस में भर्ती हुए थे, लेकिन 18 साल की नौकरी के बाद वीआरएस ले लिया
अब्दुल कलाम का जन्म 15 अक्टूबर, 1931 को तमिलनाडु के एक गाँव धनुषकोडी में हुआ था। इनके पिता, मछुआरों को किराए पर नाव देते थे। कलाम ने अपनी पढ़ाई के लिए धन की पूर्ति हेतु अखबार बेचने का कार्य भी किया। डॉ. कलाम ने जीवन में अनेक चुनौतियों का सामना किया। उनका जीवन सदा संघर्षशील रहने वाले एक ऐसे व्यक्ति की कहानी है, जिसने कभी हार नहीं मानी तथा देशहित में अपना सर्वस्व न्योछावर करते हुए, सदा उत्कृष्टता के पथ पर चलते रहे। 71 वर्ष की आयु में भी वे अथक परिश्रम करते हुए भारत को सुपर पावर बनाने की…
